Thursday, February 8, 2018

तुम्हे वंदना तुम्हे वंदना

तुम्हे वंदना, तुम्हे वंदना -२
हे बुधि के दाता, सब वेदों के ग्याता-4
तुम्हे वंदना, तुम्हे वंदना -२
एक दन्त दयावंत चार भुजा धारी 
माथे पे तिलक सोहे मुसे की सवारी 
मैया तुम्हे बुलाये ग्वाला तुम्हे बुलाये 
कह कह के लालना 
तुम्हे वंदना, तुम्हे वंदना -२
पन चढ़े फूल चढ़े और चढ़े मेवा 
लड्दुवान को भोग लगे संत करे सेवा 
भोले बाबा तुम्हे बुलाये-२ रेशम के पालना 
तुम्हे वंदना, तुम्हे वंदना -२
अंधन को आख देत कोढ़ीन को काया 
बाँझन को पुत्र देत निर्धन को माया 
भक्तो की विनती को दीनो की विनती को अब 
गणपति जी सुनना 
तुम्हे वंदना, तुम्हे वंदना -२



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